Madhuranubhuti
राम रहीम का भेद मिटाएं, बन जाएं फिर से इंसान, छुटपुट झगड़े मिट जाएं, बन जाए एक पहचान।
Tuesday, October 21, 2014
Happy Diwali
दीपों का मंगल उत्सव
रहे न कहीं अंधियारा
गली मोहल्ले झोपड़पट्टी
चमके चहके जग सारा
धूमधडा़का शोर-शराबे में
छूटे न कोई दुखियारा
शुभ दीपावली!
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